भारतीय किसान संघ ने उठाई किसानों की ज्वलंत समस्याएँ, प्रदेश अध्यक्ष कमल सिंह आंजना ने शासन-प्रशासन के समक्ष रखीं 7 सूत्रीय प्रमुख माँगें

रिपोर्टर विनय पटेल
भोपाल, 13 अक्टूबर 2026, मंगलवार को भारतीय किसान संघ द्वारा आयोजित महत्वपूर्ण प्रेस कॉन्फ्रेंस में किसानों की व्यावहारिक व बुनियादी समस्याओं को प्रमुखता से उठाया गया। संगठन ने सिंचाई, अघोषित बिजली कटौती, फसल क्षतिपूर्ति, समर्थन मूल्य (MSP) पर शत-प्रतिशत खरीदी और खाद वितरण जैसी गंभीर समस्याओं को लेकर निम्नलिखित 7 माँगें रखीं:

1. अल्प वर्षा वाले जिलों को सूखाग्रस्त घोषित किया जाए।
2. सिंचाई व्यवस्था का सुदृढ़ीकरण हो, नहरों/तालाबों का जीर्णोद्धार हो और पेयजल के बाद जल पर पहला हक कृषि का हो।
3. फसल नुकसान का आकलन सैटेलाइट नहीं, प्रत्यक्ष ग्राउंड सर्वे से हो और बीमा-मुआवजा तुरंत मिले।
4. ग्रामीण क्षेत्रों में अघोषित बिजली कटौती बंद कर 12 घंटे निर्बाध बिजली दी जाए और हर वितरण केंद्र पर 10 ट्रांसफार्मर का रिजर्व ‘ट्रांसफार्मर बैंक’ बने।
5. सोयाबीन, धान, मक्का, बाजरा, मूंग, उड़द, मूंगफली की शत-प्रतिशत खरीदी MSP पर ही हो, भावांतर योजना अस्वीकार है।
6. फसल पंजीयन की अंतिम तिथि बढ़ाई जाए।
7. ई-टोकन की खामियाँ दूर हों, DAP की किल्लत खत्म हो, खाद का 50% वितरण समितियों से और 50% निजी व्यापारियों से हो और कालाबाजारी पर सख्त कार्रवाई हो।
राहुल धूत, प्रान्त प्रचार प्रमुख, मध्यभारत, भारतीय किसान संघ, मध्यप्रदेश – 9425365943



