छत्तीसगढ़

ग्राम कपरतुंगा बैरियर के पास रेड कार्रवाई कर अवैध कच्ची महुआ शराब का परिवहन करते 02 आरोपी गिरफ्तार

▪️ आरोपियों के कब्जे से कुल 25 लीटर कच्ची महुआ शराब, जिसकी अनुमानित कीमत ₹5,000/- है, बरामद कर जब्त की गई।

▪️ आरोपियों के विरुद्ध धारा 34(2), 59(क) आबकारी अधिनियम के तहत वैधानिक कार्रवाई की गई।

🔷️ गिरफ्तार आरोपी

  1. आनंद कुमार साहू, पिता नोहर सिंह साहू, उम्र 32 वर्ष, निवासी टीटहीपाली, थाना बरमकेला, जिला सारंगढ़-बिलाईगढ़।
  2. सुरेश सारथी, पिता दीनानाथ सारथी, उम्र 56 वर्ष, निवासी ग्राम कपरतुंगा, थाना बरमकेला, जिला सारंगढ़-बिलाईगढ़।

🟦जिला सारंगढ़-बिलाईगढ़ के पुलिस अधीक्षक श्री सुनील शर्मा द्वारा जिले में अपराध नियंत्रण हेतु जुआ, सट्टा, अवैध शराब एवं अन्य अवैध गतिविधियों में संलिप्त व्यक्तियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई करने हेतु निर्देशित किया गया है। उक्त निर्देशों के पालन में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री धीरेन्द्र कुमार पटेल एवं एसडीओपी श्री गोविन्द सिंह दीवान के मार्गदर्शन में चौकी प्रभारी श्री टीकाराम खटकर के नेतृत्व में चौकी कनकबीरा पुलिस द्वारा दिनांक 17.08.2026 को अवैध शराब के विरुद्ध कार्रवाई की गई।

◾️ घटना का विवरण
दिनांक 17.08.2026 को चौकी कनकबीरा पुलिस टीम पेट्रोलिंग पर रवाना थी। इसी दौरान मुखबिर से सूचना प्राप्त हुई कि ग्राम छीछपानी एवं भालूपानी जंगल की ओर से दो व्यक्ति कच्ची महुआ शराब लेकर बिक्री हेतु आ रहे हैं।

मुखबिर सूचना की तस्दीक एवं कार्रवाई हेतु पुलिस टीम द्वारा ग्राम कपरतुंगा बैरियर के पास घेराबंदी कर रेड कार्रवाई की गई। इस दौरान संदिग्ध रूप से आ रहे दोनों व्यक्तियों को रोककर पूछताछ एवं तलाशी लेने पर उनके कब्जे से एक प्लास्टिक बोरी में रखी प्लास्टिक पॉलिथीन में 10 लीटर तथा दूसरी प्लास्टिक पॉलिथीन में 15 लीटर, कुल 25 लीटर कच्ची महुआ शराब बरामद हुई। बरामद शराब की अनुमानित कीमत ₹5,000/- है। शराब को विधिवत जब्ती पत्रक के माध्यम से गवाहों के समक्ष जब्त किया गया। आरोपियों आनंद कुमार साहू एवं सुरेश सारथी के विरुद्ध धारा 34(2), 59(क) आबकारी अधिनियम के तहत अपराध पंजीबद्ध कर उन्हें विधिवत गिरफ्तार किया गया। गिरफ्तार दोनों आरोपियों को दिनांक 18.08.2026 को न्यायालय के समक्ष पेश किया गया।

◾️ सराहनीय योगदान
सम्पूर्ण कार्रवाई में चौकी प्रभारी कनकबीरा श्री टीकाराम खटकर, प्रधान आरक्षक हीराधर नाग, आरक्षक कुंजबिहारी निराला, पोशेंद्र कुर्रे, जगजीवन खूंटे, जीतराम यादव एवं समस्त चौकी कनकबीरा स्टाफ का विशेष योगदान रहा।

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